बोल से चल कर हम कुछ देर इशारों पर रुके... अब चुप्पी पर खड़े हैं... मैं और मेरे मन में तुम।
रचना 41721 फ़रवरी 2023भाषा / Languageहिन्दीEnglishबोल से चल कर हम कुछ देर इशारों पर रुके✦बोल से चल कर हम कुछ देर इशारों पर रुके... अब चुप्पी पर खड़े हैं... मैं और मेरे मन में तुम।कल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें