सात सुरों का बहता दरिया.... तेरे नाम *आज दिन भर इसी ग़ज़ल के साथ बीत गया।
रचना 393510 अक्टूबर 2022भाषा / Languageहिन्दीEnglishसात सुरों का बहता दरिया✦सात सुरों का बहता दरिया.... तेरे नाम *आज दिन भर इसी ग़ज़ल के साथ बीत गया।कल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें