प्रेम की शुरुवात कहीं से भी करो... जब तक मन घिसता रहता है उसका अंत संभव नहीं।
रचना 381331 जुलाई 2022भाषा / Languageहिन्दीEnglishप्रेम की शुरुवात कहीं से भी करो✦प्रेम की शुरुवात कहीं से भी करो... जब तक मन घिसता रहता है उसका अंत संभव नहीं।कल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें