भाषा / Language
सुनो
✦
सुनो .....
वो क्या है ?
जो सिर्फ दो मिनट में
मिल जाता है बिना ढूंढे .......तुममें
उफ्फ्फ....... "गूगल "क्यों कर रहे ?
साफ़ दिख रहा है तुममें .....
मेरा .......चैन
😊😊😊😊😊😊😊
अभी कार में आशा जी का ये गीत बज रहा....चैन से हमको कभी आपने जीने न दिया।
शरारत से भरी कल्पना कैद कर रही थी ....कान्हा जी का श्रृंगार हो गया।
मैं प्रेम में भीग गई।
कल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें