ख़ाली हाथों में भरी लकीरों से हो तुम ... शब्दों से खुश कर देना ... बस यही दे जाना ....तोहफ़ा इस बार का
रचना 09914 जनवरी 2018भाषा / Languageहिन्दीEnglishख़ाली हाथों में भरी लकीरों से हो तुम✦ख़ाली हाथों में भरी लकीरों से हो तुम ... शब्दों से खुश कर देना ... बस यही दे जाना ....तोहफ़ा इस बार काकल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें