तुम ... तुम्हारा नाम तुम्हारी तस्वीर तक पोंछ कर रख दी है .... तुम मुझमें बेनियाजी ही अच्छे लगते हो।
रचना 389916 सितंबर 2022भाषा / Languageहिन्दीEnglishतुम ... तुम्हारा नाम✦तुम ... तुम्हारा नाम तुम्हारी तस्वीर तक पोंछ कर रख दी है .... तुम मुझमें बेनियाजी ही अच्छे लगते हो।कल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें