कल्पनाशब्दों के बीच
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Sparrc ....जहां में पैर की फिजियोथेरेपी करवा रही वहां कल Dr…

Sparrc ....जहां में पैर की फिजियोथेरेपी करवा रही वहां कल Dr. Kannan से मिलना हुआ। वे एक दिन की visit में चेन्नई से दिल्ली आए थे। जितने सादगीपूर्ण उतने ही निश्छल और विश्वास से भरे हुए। उनसे मिलते ही लगा मैं सही जगह पर सही इंसान की शरण में हूँ। 5 सेशंस हो चुके ।मुझमें काफ़ी सुधार है। दर्द कुछ कुछ ही रह गया है। जूली maam जो मुझे ट्रीटमेंट दे रही उसकी क्या ही कहूँ।मुझमें विश्वास कूट कूट कर भर दिया है कि आप तीन महीने में सब कुछ पहले जैसा कर पाओगी। वो मेरी मुस्कान और मेरी बातों पर फ़िदा हो गयी है। आप अनोखे हो कहती है।आपका attitude अलहदा है। सब ऐसे नहीं होते।U handle your fear . मन अब कुछ कुछ अच्छा हो गया है कि आपरेशन नहीं होगा। जूली और sir जादू में लगे हैं। मैं खुद मन बना बैठी हूँ। चलने फिरने में तकलीफ नहीं ,पर सीढ़ी उतरने चढ़ने में तकलीफ अभी है। Muscle exercise से हो जाएगा। जब जूली muscles को दबाती है तो प्राण ही निकल जाते हैं पर बाद में बहुत आराम आता है। thank u my healing lady💐💐 confidence आ रहा कि मैं ठीक हो रही हूँ। आप सब की दुआ...आप सब का प्यार सदा रहे।
कल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें