कल्पनाशब्दों के बीच
भाषा / Language
सभी रचनाएँ

रचना 2638

भाषा / Language

My green love

My green love... वो जो चुप रहते हैं .... पर मुझ पर फ़िदा रहते हैं। अक्सर इनसे अपना मन कहती हूँ। इनको छूना जैसे कोई प्रेम कविता करना है। Inner happiness.... हरियल रहना तुम। सदा *तस्वीरें आज सुबह इनके साथ बीते पलों की हैं।
कल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें