कल्पनाशब्दों के बीच
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रचना 0914

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तुमसे बोल लो तो .... अगले कुछ दिनों का मौसम राब्ता वाला हो…

तुमसे बोल लो तो .... अगले कुछ दिनों का मौसम राब्ता वाला हो जाता है । जैसे आज .... खोया तो चाँद था .... पर आज उसकी मुस्कुराती smiley मिली। 😊😊😊😊
कल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें