फ़ारिग हो जाओ तो बताना .....चाँद ! आज कुछ शब्द तुम पर वारने का मन है। कविता इंतज़ार में है।
रचना 068913 अप्रैल 2017भाषा / Languageहिन्दीEnglishफ़ारिग हो जाओ तो बताना .....चाँद✦फ़ारिग हो जाओ तो बताना .....चाँद ! आज कुछ शब्द तुम पर वारने का मन है। कविता इंतज़ार में है।कल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें