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सब कुछ ख़र्चने के बाद भी अपना नाम खुरचन से जरूर लिखती हूँ

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सब कुछ ख़र्चने के बाद भी अपना नाम खुरचन से जरूर लिखती हूँ....... प्रेम से परे जाकर भी एक प्रेम करती हूँ..... अविरल
कल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें