कल्पनाशब्दों के बीच
भाषा / Language
सभी रचनाएँ

रचना 3267

भाषा / Language

एक हथेली में ख़्वाब बन्द है ।दूजी में चाहना

एक हथेली में ख़्वाब बन्द है ।दूजी में चाहना किसे चुनोगी? लड़के ने दोनों हाथ बढ़ाते हुए कहा। लड़की ने ख़्वाब वाली हथेली को सूँघ कर कहा इसमें तुमसा कोई भी हो सकता है। पर इस चाहना वाली हथेली में सिर्फ़ तुम्हारी गंध है। मुझे तुमसा नहीं सिर्फ़ तुम चाहिए। *रूहें सीने को इंतज़ार का धागा ही लगेगा बांधो मन्नत.... लपेटो रेशम तब तक एक दूजे पर💐💐💐
कल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें