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रचना 0397

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Ik short story

Ik short story...... इतना कुछ लिख जाती हो सबके लिए मेरे लिए इक कहानी लिख दो जीना चाहता हूँ खुद को इक बार फिर से... it should be a romantic short story .... उसने कहा कुछ पल मुस्कुराई और बोल पड़ी.... सबसे short story है ना मेरे पास बताऊँ? ..... "तुम " You are just impossible .... kalpana .... कहकर वो हंस पड़ा अरे क्यों? तुम.... इक लफ्ज़ नहीं इक कहानी से हो मेरे लिए तुम पर क्या क्या नहीं लिख सकती मैं पर नजरिया भी मेरा नज़र भी मेरी और तुम .... तुम सिर्फ संवाद कहते जाना मेरी कलम वाले या मैं ही निभा लुंगी तुम्हें भी और खुद को भी बस कुछ ऐसी थी ik short story ....उसके लिए जो बस अभी लिखी बिना कलम बिना किरदार वाली
कल्पना पाण्डेय की फेसबुक लेखन-यात्रा सेसंग्रह में लौटें